कृष्ण आ जाना


 


कृष्ण आ जाना


बादल गरजे बिजलियाँ चमके,

मन में डर सताये,

जो बरखा आये जोर से,

सैलाब रूक ना पाये,

गिरधारी बन कृपा कर जाना,

मन पुकारे नाम तेरा,

कृष्ण मेरे आ जाना।।


दुष्टो के पाप बड़े,

यातनाओं का पार ना रहे,

ना रहे कोई सीमा,

दुख अपार बढ़ते जाये,

मन पर बोझ भारी,

हारी कायी को सहारा देने आ जाना,

कृष्ण मेरे आ जाना।।


धर्म की हानि बढ़ने लगे,

नास्तिक सब ओर छाने लगे,

अपने अलाप से अहमी सब,

अर्ध की पुजा करने लगे,

भक्तों का मनोबल घटने लगे,

तुम साहस बनकर छा जाना।।


Kavitarani1 

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