लड़कियाँ / Ladkiyan
लड़कियाँ बात करती है कुछ दिन ही, मन लगे तब तक ही, मन भर जाने पर गायब हो जाती है । और ज्यादा कहो तो चिढ़ जाती है । समझ जाये की वो क्या चाहती है । कहे तो नाराजगी बताती है । शर्माओ तो पागल कहती है । और खुलकर कहो तो ना पसंद की बताती है । हाँ, ये लड़कियाँ अपनी चलाती है । कोई बेहतर हमसे मिल जाये तो । हर बात पर बिगड़ने लगती है । अगर खुद का मन लग रहा हो तो, समय नहीं, व्यस्त हूँ कहती है । मन नहीं लगता तो व्यथा सुनाती है । सुनो उनकी तो प्यार जताती है । प्यार से कहते रहो तो मुखरने लगती है । और कुछ ना कहो तो भी, एक समय बाद बिगड़ने लगती है । पर जाती नहीं अगर आप जाने ना दे, और अच्छे दोस्त बनें रहे, आपका लुक मायने रखता है, और मनोरंजन पर ही इनसे रिश्ता टिकता है । ये बातें मेरे अनुभव की है , कि कैसी हो गई लड़कियाँ आजकल की, हाँ, ये लड़कियाँ आज कल की । Kavitarani1 273