यादें पुरानी | Yadein purani
यादें पुरानी मेरे अस्कों के निशान बताते है, मेरे बहते नैंनो की धार कहती है, मेरा आज मेरे कल पर कर्ज है, मेरे बचपन में किस्से बहुत दर्ज है । भूली बिसरी तस्वीर तस्वीरों संग, पलटती निगाहें कहती है, तिरछी बोंहे बताती है, मेरा मोल नहीं था यादों में । मेरे दुख भरे लम्हों के हिस्से कहते है, अधुरे रहे लम्हों के हिस्से कहते है, कई साल खो दिये यूँ ही मैंने, अब वो लम्हें वापस याद आते है । सुखी दिल की बातें सारी, सुखी नयनों की धार है, मेरे खोये बचपन सा ही, मेरा यौवन खोया ही है । मेरे अश्कों से पत चलता है, मेरे दुख का सिला मिलता है, सच-झूठ दूर की बातें रह गयी, सारी बातें यूँ ही रह गई। बितता आज - कल पर भारी, कभी-कभी ही याद आती, पर जो साथ रहती है, वो खुशनुमा है बातें सारी ।। Kavitarani1 210