आभार आप सबका | Abhar aap sabka



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आभार आप सबका 


सोचा था भूल गयें होगें, 

जो छुटे पिछे अब छूट गये होंगे । 

तीन बरस बीत गये गाँव छोड़े,

सोचा यादों से मिटा दिये होंगे। 

ना कोई पोस्ट की इस बार,

ना कोई जिक्र होने दिया । 

फिर भी पता लगाकर आपने,

मुझे विश किया ।

आभार आपका की मुझे याद किया ।

अपनी स्नेहिल शुभकामनाओं से प्यार दिया ।

आभार आपका की मैसेज, काॅल किया ।

जीवन की उन्ह विपदा काल के साथियों, 

मेरी बेरोजगारी की यारीयों,

मेरे कोचिंग के प्यारों, 

प्राइवेट स्कुल के साथियों और प्यारों,

मेरे राजनीतिक गलियारों के अनछुए लोगों, 

मेरे दूर के स्टाफ साथियों, 

मेरे वर्तमान के प्यारे सहयोगीयों,

मेरे परिवार के लोगों, 

आप सबने जो स्नेह दिया,

वो अतुलनिय, अविस्मरणीय, 

आप सबका इस स्नेह के लिये,

आभार, धन्यवाद, आशीर्वाद । 

आप हमेशा मेरी यादों में, 

मेरे जीवन सफर, मेरी जीवनी में, 

अविस्मरणीय रहेंगें, 

आप हमेशा मेरे लिये खास रहेंगे ।।


Kavitarani1 

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